गुटनिरपेक्ष आंदोलन गुटनिरपेक्ष आंदोलन की वैचारिक पृष्ठभूमि औपनिवेशिक शासन के अंत का शीत युद्ध के दौरान तीसरी दुनिया के देशों के मध्य एकता की आवश्यकता के आधार पर निर्मित हो गया था। यह आंदोलन वैश्विक शांति और सुरक्षा के संरक्षण की मांग पर आधारित है इसकी वैचारिक पृष्ठभूमि औपनिवेशिक शासन के विरुद्ध तीसरी दुनिया के देशों द्वारा संचालित राष्ट्रीय आंदोलन के दौरान ही निर्मित हो गई थी, हालांकि इसका आधार 1947 में नई दिल्ली में आयोजित एशिया अफ्रीका देश के सम्मेलन में निर्मित हुआ। वहीं 1955 में आयोजित बांडुंग सम्मेलन में इसके मार्गदर्शक सिद्धांत निर्मित हुए थे। बांडुंग सम्मेलन में 29 एशियाई अफ्रीकी देशों की सहभागिता देखी गई। इस सम्मेलन में 10 सिद्धांतों की घोषणा की गई जो निम्नलिखित है- • संयुक्त राष्ट्र के चार्टर और उद्देश्यों व सिद्धांतों तथा मानवाधिकार के प्रति सम्मान, • सभी राष्ट्रों की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता के प्रति सम्मान • सभी राष्ट्रों तथा नस्लों के मध्य समानता ...